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खोज द्वारा अधिगम (Discovery Learning) क्या है?

खोज द्वारा अधिगम वह शिक्षण-दृष्टि है जिसमें शिक्षक सीधे उत्तर बताने की जगह विद्यार्थी को स्वयं नियम, सिद्धांत या संबंध खोजने के अवसर देता है। इसके प्रमुख समर्थक जेरोम ब्रूनर हैं।

खोज द्वारा अधिगम: विस्तृत व्याख्या

खोज द्वारा अधिगम को समझें

ब्रूनर मानते थे कि जो ज्ञान बच्चा स्वयं खोजकर पाता है, वह बेहतर याद रहता है और उसे नई परिस्थितियों में लगाना आसान होता है। इसमें शिक्षक की भूमिका मार्गदर्शक की होती है: प्रश्न पूछना, सामग्री देना और सही दिशा में मोड़ना।

याद रखने योग्य बिंदु

  • सक्रिय भागीदारी और जिज्ञासा पर ज़ोर
  • शिक्षक मार्गदर्शक है, उत्तर देने वाला नहीं
  • समय अधिक लगता है, पर समझ गहरी बनती है

उदाहरण

शिक्षिका विद्यार्थियों को अलग-अलग वस्तुएँ देकर पूछती हैं कि कौन पानी में डूबेंगी और कौन तैरेंगी। प्रयोग के बाद बच्चे स्वयं नियम निकालते हैं कि हल्का और खोखला होना तैरने में सहायक है।

परीक्षा में कैसे पूछा जाता है

जहाँ स्वयं खोजकर सीखने की बात हो, वहाँ ब्रूनर। इसके साथ सर्पिल पाठ्यक्रम और तीन निरूपण-विधियों को जोड़ा जाता है।

खोज द्वारा अधिगम पर अभ्यास प्रश्न (MCQ)

ब्रूनर के सभी प्रश्न देखें →

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संबंधित अवधारणाएँ

संदर्भ
  • जेरोम ब्रूनर, The Act of Discovery (1961)
  • जेरोम ब्रूनर, The Process of Education (1960)